- 20 जनवरी
- 21 जनवरी
टेनिस उन चुनिंदा खेलों में से एक है जिसे साल भर खेला जाता है। यह थोड़े-थोड़े अंतराल पर लगभग पूरे साल होता है। एक साल में इसके कई टूर्नामेंट होते है। जिसका मतलब यह है कि आप किसी भी टूर्नामेंट के खेल पर सट्टा लगा सकते हैं। यहां पर कई सारे मैच होते हैं। टेनिस बैटिंग के लिए आपको एक टूर्नामेंट चुनना होता है और फिर मैच चुनना होता है। उसके बाद आप खेल पर सट्टा लगा सकते हैं।
टेनिस के खेल में सट्टेबाजी के लिए कई सारे मौके मिलते हैं क्योंकि खेल जितना बड़ा होता है सट्टेबाजी के लिए उतने ही ज्यादा विकल्प मिलते हैं यहां पर हम टेनिस बैटिंग लाइन ओड्स के टाइप को बता रहे हैं:
टूर्नामेंट
इसमें किसी एक खिलाड़ी पर सट्टा लगाकर अनुमान लगाया जाता है कि वह खिलाड़ी पूरा टूर्नामेंट या चैंपियनशिप जीतेगा या हारेगा। इसमें व्यक्तिगत मैच पर सट्टा लगाने के बजाय टूर्नामेंट पर सट्टा लगाने के लिए एक उभरते हुए खिलाड़ी का चयन किया जाता है।
मैच बैटिंग
मैच बैटिंग में व्यक्तिगत मैच के विजेता पर दाँव लगाया जाता है। यह टेनिस के सट्टे का सबसे आम बेट है। इसमें कई सारे मैच होते हैं और आप स्कोर की परवाह किये बिना अनुमान लगा सकते हैं कि मैच का विजेता कौन होगा। यह प्रत्येक खिलाड़ी की जीतने की संभावना को बताता है।
सेट बेटिंग
सेट बेटिंग में इस बात पर सट्टा लगाया जाता है कि खेल के अंतिम स्कोर और परिणाम क्या होंगे। उदाहरण के लिए यदि किसी खिलाड़ी पर सेट में बेट लगाते हैं तो जीतने के लिए स्कोर लाइन सटीक होनी चाहिए और इस बात पर सट्टा लगाया जाता है कि खिलाड़ी दो एक से सट्टा मैच सेट जीत सकता है। इसमें थोड़ा सा रिसर्च की जरूरत होती है क्योंकि सेट पर सट्टा लगाने से पहले खिलाड़ी की ताकत, कमजोरी और अलग-अलग सेटों में उसके प्रदर्शन के बारे में जानकारी रखनी होती है।
सेट वेटिंग के लिए ओड्स मैच बैटिंग में ज्यादा होते हैं और इसके परिणामों की भविष्यवाणी करने में जटिलता और सटीकता की जरूरत होती है जिससे सट्टा जीता जा सके।
हैंडिकैप्ड
इसमें मैच शुरू होने से पहले एक खिलाड़ी के आभासी लाभ और हानि दोनों ही हैंडिकैप्ड सट्टेबाजी के बाजार होते हैं। इसमें सेट और गेम के संदर्भ में सट्टेबाजी होती है। इसमें -1.5 सेट हैंडीकैप का मतलब होता है कि पसंदीदा खिलाड़ी को कम से कम दो सेट जितने चाहिए। वही +1.5 सेट हैंडीकैप का मतलब होता है अंडर डार्क खिलाड़ी या तो मैच जीतेगा या सिर्फ एक सेट से हार सकता है।
ओवर अंडर
इसमें यह अनुमान लगाया जाता है कि मैच में खेले जाने वाले सेट या खेल की कुल संख्या कम होगी या अधिक। इसमें सट्टेबाज मैच के दौरान सट्टा लगाते हैं और इसमें मैच के प्रोग्रेस और सिचुएशन के हिसाब से स्ट्रेटजी बनाकर सट्टेबाजी होती है। इसमें आप गेम के विजेता, कुल खेलों की संख्या, मौजूदा पॉइंट के परिणाम आदि पर सट्टा लगा सकते हैं।
टेनिस पर दांव लगाने के तरीके पर हमारी मार्गदर्शिका के एक हिस्से के रूप में, हम आपको कुछ सट्टेबाजी की रणनीतियाँ दिखाना चाहते हैं जिन्हें अपनाकर आप अधिक सफल दांव लगाने वाले बन सकते हैं।
मैच विजेता सट्टेबाजी
इस रणनीति में उस खिलाड़ी पर दांव लगाना शामिल है जिसके बारे में आपको लगता है कि वह मैच जीतेगा। यह एक सीधी और सरल रणनीति है, जो शुरुआती लोगों के लिए उपयुक्त है, क्योंकि इसमें विशिष्ट विवरणों के बजाय समग्र परिणाम की भविष्यवाणी की जाती है।
आमने-सामने का विश्लेषण
खिलाड़ियों के बीच आमने-सामने के रिकॉर्ड पर शोध करना महत्वपूर्ण है। सट्टेबाज़ी के फ़ैसले लेते समय, खिलाड़ी के प्रभुत्व या अनुकूल मुकाबले जैसे पैटर्न पर विचार करें।
सतह विशेषज्ञता
अलग-अलग टेनिस खिलाड़ी अलग-अलग सतहों पर बेहतर प्रदर्शन करते हैं। खिलाड़ियों की पसंद और विभिन्न सतहों (घास, मिट्टी, हार्ड कोर्ट) पर उनके प्रदर्शन के बारे में जानें। किसी खास सतह पर मजबूत रिकॉर्ड वाले खिलाड़ियों पर दांव लगाना फायदेमंद हो सकता है।
इन-प्ले बेटिंग
मैचों की लाइव निगरानी करें और बदलती बाधाओं का लाभ उठाने के लिए गति में बदलाव, चोटों या खिलाड़ी के प्रदर्शन में उतार-चढ़ाव की पहचान करें। इन-प्ले बेटिंग आपको मैच की बदलती गतिशीलता पर प्रतिक्रिया करने और मूल्यवान अवसर खोजने की अनुमति देता है।
सांख्यिकीय विश्लेषण
उन्नत सांख्यिकी का उपयोग करें, जैसे खिलाड़ी की सर्व प्रतिशतता, सर्व रिटर्न दक्षता, और ब्रेक पॉइंट रूपांतरण दर। विस्तृत सांख्यिकी का विश्लेषण करने से खिलाड़ी की ताकत और कमजोरियों की गहरी समझ मिल सकती है, जिससे अधिक सटीक भविष्यवाणियाँ करने में सहायता मिलती है।
वैल्यू बेटिंग
वैल्यू बेट्स खोजने के लिए अपने अनुमानित ऑड्स और बुकमेकर के ऑड्स के बीच विसंगतियों को देखें। अपने शोध और विश्लेषण के आधार पर, परिणामों की संभावना का आकलन करें और इसकी तुलना पेश किए गए ऑड्स से करें। जब ऑड्स वैल्यू प्रदान करते हैं, तो बेटिंग करने से दीर्घकालिक लाभ मिल सकता है।
इन रणनीतियों को अपनाकर आप टेनिस सट्टेबाजी में अधिक सूझ-बूझ और सफलता प्राप्त कर सकते हैं।
टेनिस सट्टेबाजी एक बहुआयामी अनुभव है, जो खेल की गहरी समझ और रणनीतिक दृष्टिकोण की मांग करता है। यह टेनिस की अनूठी स्कोरिंग प्रणाली, विभिन्न मैच प्रारूपों और सतहों के प्रभाव को समझने पर आधारित है। खिलाड़ियों के मौजूदा फॉर्म, आमने-सामने के रिकॉर्ड और शारीरिक फिटनेस का विश्लेषण सूचित दांव लगाने के लिए महत्वपूर्ण है। टूर्नामेंट ड्रॉ विश्लेषण संभावित मैच-अप में अंतर्दृष्टि प्रदान करता है, जिससे परिणामों की भविष्यवाणी में मदद मिलती है। सट्टेबाजी बाजारों की विविधता, जैसे मैच विजेता और हैंडीकैप, विभिन्न सट्टेबाजी प्राथमिकताओं को पूरा करती है। इन-प्ले सट्टेबाजी की गतिशीलता, जिसमें वास्तविक समय के मैच विकास के आधार पर रणनीतियों को अनुकूलित करना शामिल है, टेनिस सट्टेबाजी को रोमांचक बनाती है। संक्षेप में, टेनिस सट्टेबाजी में सफलता व्यापक विश्लेषण, सट्टेबाजी बाजारों की समझ और प्रगति के साथ रणनीतियों को अनुकूलित करने की क्षमता पर निर्भर करती है।
कई सारे कैसिनो साइट टेनिस मैच में लाइव विकल्प देते हैं। आप अपनी बदलती परिस्थितियों को देखते हुए लाइव टेनिस मैच पर दाँव लगा सकते हैं।
टेनिस बेटिंग में सफलता के लिए खिलाड़ी के फॉर्म, रिकॉर्ड, फील्ड की जानकारी आदि का विश्लेषण करके सट्टेबाजी करने से टेनिस बैटिंग में सफलता पाई जा सकती है।
टेनिस सट्टेबाजी के लोकप्रिय प्रकार में सबसे ज्यादा जिस पर सट्टा लगाया जाता है वह मैच विजेता, सेट सट्टेबाजी, ओवर अंडर गेम, हैंडिकैप्ड तथा मैच के दौरान लाइव सट्टेबाजी की है।